अयोध्या: राम रसोई में कोयले की भट्ठी पर भोजन, अखिलेश यादव ने भाजपा पर साधा तंज
Food Cooked on a Coal Stove at Ram Rasoi
लखनऊ। Food Cooked on a Coal Stove at Ram Rasoi, समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव सोशल मीडिया पर बेहद एक्टिव हैं और भारतीय जनता पार्टी पर हमला बोलने से जरा सा भी नहीं चूकते हैं। अयोध्या के श्री रामजन्मभूमि परिसर में संचालित राम रसोई में राम भक्तों के लिए इन दिनों कोयले की भट्ठी पर भोजन बनाया जा रहा है।
एलपीजी के कामर्शियल सिलिंडर का वितरण बंद होने के कारण राम नगरी के श्री रामजन्मभूमि परिसर में कोयले की भट्ठी पर भोजन बनाए जाने को लेकर समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष ने भाजपा पर बड़ा तंज कसा है। अखिलेश यादव ने एक्स पर पोस्ट किया है “जो सब कुछ लाने का दावा करते हैं… वो ‘राम-रसोई’ को चलाने के लिए सिलेंडर नहीं ला सकते क्या”। उनका इशारा सीएम योगी आदित्यनाथ के साथ ही भाजपा के बड़े नेताओं की ओर माना जा रहा है।
गौरतलब है कि खबर आई थी कि रामनगरी में राम रसोई निशुल्क भोजनालय को भी बंद करना पड़ गया है, लेकिन उसमें दम नहीं था। सारा सच राम रसोई प्रबंधन ने खुद बता दिया है। अयोध्या में राम भक्तों के लिए फ्री में चलाई जा रही राम रसोई को लेकर सियासत गरमा गई है। अयोध्या से समाजवादी पार्टी के सांसद अवधेश प्रसाद ने कई सवाल उठाए थे। उन्होंने कहा था कि गैस संकट की वजह से राम रसोई बंद हो गई है। इसके साथ ही 15 मार्च से धरना करने की चेतावनी भी दी थी। मगर, राम रसोई प्रबंधन ने इन आरोपों को गलत बताया है। राम रसोई एक दिन बंद हुई थी, लेकिन फिर सुचारू रूप से संचालन शुरू कर दिया गया। हजारों श्रद्धालु निशुल्क भोजन ग्रहण कर रहे हैं।
राम रसोई के प्रबंधक पंकज ने कहा कि राम रसोई कभी बंद नहीं हुई। केवल गैस सप्लाई में दिक्कत के कारण संचालन के समय में थोड़े बदलाव किए गए थे। वैकल्पिक व्यवस्था के रूप में कोयले की भट्टी पर भोजन बनाया जा रहा है और साथ ही इलेक्ट्रिक सिस्टम के माध्यम से भी भोजन तैयार करने की प्रक्रिया पर काम चल रहा है। पंकज ने कहा कि माननीय सांसद को बयान देने से पहले यहां की पूरी जानकारी लेनी चाहिए थी। अगर यहां आकर राम रसोई का संचालन देखेंगे तो उन्हें वास्तविक स्थिति का पता चल जाएगा। राम रसोई में रोजाना रामलला के दर्शन के लिए आने वाले लगभग 10 से 25 हजार श्रद्धालु भोजन ग्रहण करते हैं। किसी भी परिस्थिति में भक्तों की सेवा प्रभावित नहीं होने दी जाएगी और हर स्थिति में वैकल्पिक व्यवस्था की जा रही है।
हर दिन 25 हजार श्रद्धालु खाते हैं खाना
रामलला के दर्शन के लिए देश-दुनिया से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए परिसर में राम रसोई संचालित की जा रही है। राम रसोई का संचालन साल 2019 में शुरू हुआ था, जिसके बाद प्रतिदिन 20 से 25000 श्रद्धालु निशुल्क भोजन ग्रहण कर रहे हैं।
यह सेवा भक्तों के लिए निशुल्क चलाई जा रही है। राम मंदिर निर्माण के साथ ही राम भक्तों के भोजन की व्यवस्था के लिए राम रसोई की शुरुआत की गई थी।